पंजाब अस्पताल प्रशासन की बड़ी लापरवाही आई सामने….

नई दिल्ली : पंजाब में मोगा के सरकारी हॉस्‍प‍िटल में एक महिला की फर्श पर हुई डिलीवरी के मामले की जांच अभी चल ही रही है कि अब सिविल हॉस्‍प‍िटल के डॉक्टरों की लापरवाही से जिले के ही नजदीकी गांव बुध सिंह वाला की एक गर्भवती महिला की मौत का मामला सामने आया है।

अस्‍थ‍ियां चुनते समय राख में मिली कैंची

दरअसल, मामले ने तब तूल पकड़ लिया जब महिला की मौत के बाद उसकी अस्थियां उठाते समय 1 कैंची व ऑपरेशन के समय इस्तेमाल किए जाने वाले औजारों के कुछ अंश मिले, मृतक के परिवार वालों ने जहां इसे सरकारी अस्पताल के डॉक्टरों की लापरवाही बताया है वहीं, संबंधित डॉक्टर ने अपनी गलती को सिरे से नकार दिया है।

इधर संबंधित थाना सिटी साउथ की पुलिस ने मृतक के परिवार वालों की शिकायत पर अस्पताल के सीनियर मेडिकल ऑफिसर को एक पत्र लिखकर इस मामले की रिपोर्ट मांगी है, मृतक के परिवार वालों का आरोप है कि उक्त मौत सरकारी अस्पताल के डॉक्टरों की लापरवाही से हुई है जिसके चलते उन्होंने उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

वहीं पुलिस अधिकारी ने बताया कि परिवार वालों के बताने के मुताबिक कैंची अस्‍थ‍ियों में से मिली है जिसको पुलिस ने कब्जे में लेकर अगली जांच शुरू कर दी,पुलिस द्वारा सीनियर मेडिकल अधिकारी को एक पत्र लिख इस मामले की विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है।

सरकारी अस्पताल की डॉक्टर सिमरत कौर खोसा ने बताया कि यह लड़की उनके पास 6 तारीख को आई थी और रविवार की सुबह उसको सांस लेने में दिक्कत आ रही थी जिसके चलते उसे फरीदकोट रेफर कर दिया था, उन्होंने बताया कि वहां उसकी मौत हो गई थी और वहां पर भी उनकी डॉक्टरों से बात हुई है तो डॉक्टर ने बताया कि वहां पर भी उनका पूरा पेट खोल कर चेक किया गया था। जो वीडियो उन्होंने देखी है और जो कैंची उसमें पाई गई है, वह सरकारी अस्पताल में आए हुए स्टॉक में नहीं होती, इसकी जांच होनी चाहिए।

बता दें कि मृतक की मौत से 3 दिन पहले मोगा के सरकारी अस्पताल में बड़े ऑपरेशन से डिलीवरी हुई थी जिसके बाद इसकी तबीयत खराब हुई और फिर उसे फरीदकोट रेफर कर दिया गया. उसके बाद उसकी मौत हो गई थी।

Leave a comment

Your email address will not be published.