UP के पटाखा फैक्ट्री में भयानक विस्फोट, 4 लोगों की मौत

नई दिल्ली: दीवाली के समय घर या दुकान में रखे पटाखों (Cracker) मकी वजह से हादसों की खबरें सामने आती रहती हैं। जिसके चलते खुशियों के माहौल को गम में बदल जाता है। ऐसा ही एक भयानक हादसा उत्तर प्रदेश के खुशीनगर में बुधवार तड़के हुआ। जिसमें चार लोगों की मौके पर मौत होने की खबर सामने आई है, तो वहीं कई लोग गंभीर रुप से घायल हो गए।
यह दिल दहला देने वाला हादसा कुशीनगर जिले के कप्तानगंज थाना क्षेत्र में बनी एक पटाखा गोदाम में हुआ।

अचानक कब विस्फोट हो गया किसी को पता नहीं चला। हादसे की जानकारी लगते ही पुलिस-प्रशासन के साथफायरब्रिगेड और एम्बुलेंस मौके पर पहुंच गई और राहत बचाव कार्य शुरू कर दिया है। बताया जाता है कि धमाका इतना जबरदस्त था कि आसपास के घरों को भी नुकसान पहुंचा है।

अवैध रुप से तल रही थी यह फेक्ट्री
पुलिस के मताबिक, यह पटाखा अवैध फैक्ट्री (Factory)  घनी आबादी के बीच चल रही थी। हादसे के वक्त यहां कुछ लोग पटाखा बना रहे थे तभी धमाका हुआ। पुलिस ने कुछ लोगों को गिरफ्तार भी किया है जो लोग यहां पटाखा बना रहे थे। वहीं फैक्ट्री मालिक की तालश की जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार अभी तक 6 लोगों को मलबे से घायल अवस्था में निकाला गया है, जिन्हें जिला अस्पताल भेजा गया है। मलबे में कई अन्य लोग भी फंसे हो सकते हैं। साथ मरने वालों का आंकड़ा भी बढ़ सकता है।
इस हादसे के बाद से पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आखिर कैसे घनी आबादी के बीच पटाखा फैक्ट्री चल रही थी। आसपास के लोगों का कहना है कि क्या इस फैक्ट्री मालिक के पास लाइसेंस था या नहीं, इस पर कोई अधिकारी कुछ बोलने को तैयार नहीं है।

अचानक कब विस्फोट हो गया किसी को पता नहीं चला। हादसे की जानकारी लगते ही पुलिस-प्रशासन के साथफायरब्रिगेड और एम्बुलेंस मौके पर पहुंच गई और राहत बचाव कार्य शुरू कर दिया है। बताया जाता है कि धमाका इतना जबरदस्त था कि आसपास के घरों को भी नुकसान पहुंचा है।
पुलिस के मताबिक, यह पटाखा अवैध फैक्ट्री घनी आबादी के बीचचल रही थी। हादसे के वक्त यहां कुछ लोग पटाखा बना रहे थे तभी धमाका हुआ। पुलिस ने कुछ लोगों को गिरफ्तार भी किया है जो लोग यहां पटाखा बना रहे थे। वहीं फैक्ट्री मालिक की तालश की जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार अभी तक 6 लोगों को मलबे से घायल अवस्था में निकाला गया है, जिन्हें जिला अस्पताल भेजा गया है। मलबे में कई अन्य लोग भी फंसे हो सकते हैं। साथ मरने वालों का आंकड़ा भी बढ़ सकता है।…
इस हादसे के बाद से पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आखिर कैसे घनी आबादी के बीच पटाखा फैक्ट्री चल रही थी। आसपास के लोगों का कहना है कि क्या इस फैक्ट्री मालिक के पास लाइसेंस था या नहीं, इस पर कोई अधिकारी कुछ बोलने को तैयार नहीं है।

 

Leave a comment

Your email address will not be published.