पाकिस्तान के बलूचिस्तान में 11 शिया हजारा मजदूरों की गला काट कर हत्या

Balochistan Killing
Balochistan Killing

 नई दिल्ली : पाकिस्तान के बलूचिस्तान से दिल दहलाने वाली खबर सामने आई है. लम्बे समय से अशांति झेल रहे बलूचिस्तान में कोयला के खदान में काम करने वाले 11 लोगों की अपहरण कर उनकी हत्या कर दी गई. पाकिस्तान से निकलने वाले डॉन न्यूज के मुताबित घटना बलूचिस्तान के माछ इलाके की है, जहां अज्ञात बंदूक धारियों ने सभी का अपहरण कर उन्हें गोली मार दी. पुलिस के मुताबिक बंदूकधारियों ने पहले मजदूरों की पहचान की, उनमें से 11 हजारा शिया समुदाय को निकाल उन्हें अलगकर हत्या के लिए पहाड़ी पर ले जाया गया. बाकी मजदूरों को बिना नुकशान पहुंचाए छोड़ दिया गया, अभी तक किसी भी ग्रुप ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है.

Balochistan Killing
Balochistan Killing

 

पुलिस ने बताया कि बंदूकधारियों ने उन्हें उस समय अगवा कर लिया जब मजदूर काम पर खदान में जा रहे थे. इस दौरान सभी को पास की एक पहाड़ी पर ले जाया गया जहां उन्हें गोली मार दी गई. 6 श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई जबकि गंभीर रूप से घायल पांच ने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया. डिप्टी कमिश्नर के मुताबिक अभी तक कोई मामला दर्ज नहीं किया है. जानकारी मिलने के बाद ही पुलिस, फ्रंटियर कॉर्प्स और जिला प्रशासन की टीम घटना स्थल पर पहुंच गई.

इमरान खान ने कड़ी करवाई का भरोसा दिलाया-

क्वेटा के उपायुक्त मुराद कास के अनुसार, अभी तक कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है. पाकिस्तान प्रधानमंत्री इमरान खान ने “आतंकवाद का एक और कायराना अमानवीय कार्य” करार देते हुए खननकर्ताओं की हत्या की निंदा की. उन्होंने कहा, “हत्यारों को पकड़ने और उन्हें न्याय दिलाने के लिए सभी संसाधनों का उपयोग करने को कहा है. पीड़ितों के परिवारों को सरकार द्वारा मदद की जायगी, उनके हाल पर नहीं छोड़ा जाएगा.”

Balochistan Killing
Balochistan Killing

पाकिस्तान के गृहमंत्री ने मांगी रिपोर्ट-

गृहमंत्री शेख रशीद ने हमले की निंदा करते हुए बलूचिस्तान के पुलिस महानिरीक्षके पूरे घटनाक्रम पर रिपोर्ट मांगी है. वहीं पाकिस्तान की मानवाधिकार मामलों की मंत्री शिरीन मजारी ने इसके पीछे भारत पर निशाना साधा है. उन्होंने लिखा कि “जैसे बलूचिस्तान में विकास हो रहा है भारत द्वारा पाले गए आतंकी और बदहवास हो रहे हैं.”

Leave a comment

Your email address will not be published.