अलग-अलग राज्यों में नहीं बटेगा यूपी, ‘हम एकजुटता में भरोसा रखते हैं’ :सीएम योगी

सीएम योगी
सीएम योगी

लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यूपी के विभाजन के कयासों पर विराम लगाया है. सीएम योगी ने साफ कर दिया कि यूपी के अलग-अलग हिस्से नहीं होंगे. योगी ने सोमवार को एक कार्यक्रम में कहा, “हम एकजुटता में भरोसा रखते हैं, विभाजन में नहीं.”

सीएम योगी

गौरतलब है कि पिछले काफी समय से यूपी को अलग-अलग राज्यों में विभाजित करने की मांग उठती रही है. साल 2000 में यूपी का बंटवारा कर उत्तराखंड राज्य बनाया गया था. इसके बाद भी यूपी के कुछ और हिस्से करने की मांग होती रही है.

मायावती ने पारित किया था प्रस्ताव

उत्तर प्रदेश के बंटवारे की बात 2011 में सबसे पहले सामने आयी थी, जब तत्कालीन बसपा सरकार ने उत्तर प्रदेश के बंटवारे के प्रस्ताव को यूपी विधानसभा से पारित कर कांग्रेस की केंद्र सरकार के पास भेजा था। मायावती सरकार ने यह प्रस्ताव पारित कर दिया था कि उत्तर प्रदेश का चार राज्यों- अवध प्रदेश, बुंदेलखण्ड, पूर्वांचल और पश्चिम प्रदेश में बंटवारा होना चाहिए. हालांकि तब केंद्र की यूपीए सरकार में गृह सचिव रहे आरके सिंह ने स्पष्टीकरण मांगते हुए इस प्रस्ताव को वापस भेज दिया था.

सीएम योगी
सीएम योगी

Greater Noida में दूसरा सबसे बड़ा Data Center बनने की तैयारी 

2017 में भी विभाजन की बात रखी थी

रालोद अध्यक्ष अजित सिंह भी यूपी के अलग हिस्से करने की मांग करते रहे हैं. 2013 में भी राज्य के बंटवारे की चर्चा चल रही थी। उत्तर प्रदेश के बंटवारे को लेकर समय समय पर मांग उठती रही है। 2017 में फिर से मायावती ने उत्तर प्रदेश के विभाजन की बात रखी थी। उन्होंने कहा था कि अगर यूपी में बसपा की सरकार बनती है तो उत्तर प्रदेश का विभाजन किया जायेगा

Leave a comment

Your email address will not be published.